
जमानियां नपा बोर्ड का बड़ा फैसला: गृहकर, जलकर और जलनिकासी कर सर्वसम्मति से निरस्त, 33 हजार आबादी को राहत

G R News Network editor in chief Ved prakash Srivastava
जमानियां (गाजीपुर): नगर पालिका सभागार कक्ष में शुक्रवार को उपजिलाधिकारी (एसडीएम) निधि की मौजूदगी में हुई नपा बोर्ड की बैठक में कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए। दोपहर दो बजे से शाम 6:30 बजे तक चली इस हंगामेदार बैठक में 21 सभासदों की मौजूदगी में बीते 15 अप्रैल को पारित प्रस्तावों को खारिज करते हुए गृहकर, जलकर और जलनिकासी कर को निरस्त कर दिया गया। इसके अलावा, 115 मदों पर लगने वाले व्यापारिक लाइसेंस (ट्रेड लाइसेंस) शुल्क में भी संशोधन कर उसे कम करने पर सहमति बनी।
33 हजार से अधिक आबादी को मिलेगा सीधा लाभ
बोर्ड द्वारा तीनों करों के प्रस्ताव को खारिज किए जाने से नगर पालिका क्षेत्र के 33,343 लोगों को फिलहाल बड़ी राहत मिलेगी। अधिशासी अधिकारी (ईओ) संतोष कुमार ने बताया कि बोर्ड द्वारा निरस्त किए गए प्रस्तावों को अंतिम निर्णय के लिए शासन को भेजा जाएगा।गौरतलब है कि अगस्त माह में गृहकर और ट्रेड शुल्क में बढ़ोतरी के खिलाफ सभासद लगभग 10 दिनों तक धरने पर बैठे थे। एडीएम (वित्त एवं राजस्व) के आश्वासन और चेयरमैन द्वारा 15 दिनों के भीतर बैठक बुलाने के वादे के बाद धरना समाप्त हुआ था। बैठक में 25 में से 22 निर्वाचित सभासद और 3 मनोनीत सभासद उपस्थित रहे।
दाखिला-खारिज और उपविधि पर जमकर हंगामा
बैठक के दौरान रजिस्ट्री के दाखिल-खारिज में तहसील और नगर पालिका द्वारा दो-दो प्रतिशत (कुल 4%) शुल्क लिए जाने का सभासद अंजनी गुप्ता, रजनीकांत उपाध्याय और मोहन गुप्ता ने कड़ा विरोध किया। वे विरोध जताते हुए जमीन पर बैठ गए और मांग रखी कि दाखिल-खारिज का शुल्क केवल एक स्थान पर दो प्रतिशत ही लिया जाए। बोर्ड ने सर्वसम्मति से इस दोहरे शुल्क के प्रस्ताव को खारिज कर दिया।
इसके साथ ही सभासदों ने नगर पालिका के वर्ष 1990 के बने पुराने उपविधि (बाय-लॉ) को रद्द कर 9 मई 2025 के राज्य सरकार के नए उपविधि को लागू करने की पुरजोर मांग की। एसडीएम ने सभासदों को शांतिपूर्ण ढंग से अपनी बात रखने के लिए समझाया।
शादी-विवाह घर खाली करने का 3 दिन का अल्टीमेटम
विकास कार्यों और व्यवस्थाओं को लेकर सभासदों ने ईओ और अध्यक्ष को घेरा:
वार्ड 13 के सभासद रोहित शर्मा ने वार्ड 7 में स्थित मैरिज हॉल में ईओ के रहने पर कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि 3 दिन के भीतर ईओ आवास खाली कर इसे पुनः जनता के शादी-विवाह कार्यक्रमों के लिए उपलब्ध नहीं कराया गया, तो वे धरने पर बैठेंगे।सभासद सचिन वर्मा ने कंबल वितरण न होने और क्रीड़ा प्रतियोगिता कराने के लिए आवंटित धनराशि का ब्योरा मांगा। इस पर ईओ ने बताया कि खेल प्रतियोगिता का बजट किसी अन्य योजना में स्थानांतरित कर दिया गया था।बैठक के अंत में चेयरमैन जय प्रकाश गुप्ता ने सभासदों और जनता को आश्वस्त करते हुए कहा, “जनता ने मुझे चुनकर भेजा है और मैं हर परिस्थिति में जनता व सभासदों के साथ खड़ा हूँ।”







