
*दिल्ली पुलिस की कार्रवाई के विरोध में कांग्रेस ने मनाया काला दिवस* **भाजपा सरकार पर तानाशाही और लोकतांत्रिक अधिकारों के दमन का लगाया आरोप*

GRNews Network & YouTube news chainal editor in chief Ved prakash Srivastava
गाजीपुर। कांग्रेस के जननायक नेता एवं लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष श्री राहुल गांधी, कांग्रेस अध्यक्ष श्री मल्लिकार्जुन खड़गे, सांसद श्रीमती प्रियंका गांधी वाड्रा सहित इंडिया गठबंधन के सम्मानित सांसदों के साथ दिल्ली पुलिस द्वारा किए गए कथित बल प्रयोग एवं अभद्र व्यवहार के विरोध में गुरुवार को जिला एवं शहर कांग्रेस कमेटी के तत्वावधान में सरजू पांडेय पार्क, कचहरी में कांग्रेसजनों ने काला दिवस मनाकर विरोध-प्रदर्शन किया।
इस दौरान कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने केंद्र की भाजपा सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए दिल्ली पुलिस की कार्रवाई की कड़ी निंदा की। कांग्रेसजनों ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार लोकतांत्रिक आवाजों को दबाने के लिए सरकारी संस्थाओं का दुरुपयोग कर रही है और विपक्ष के नेताओं के साथ लगातार दुर्भावनापूर्ण एवं दमनकारी रवैया अपनाया जा रहा है।
जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष सुनील राम ने कहा कि केंद्र की भाजपा सरकार सत्ता के अहंकार में लोकतंत्र की मर्यादाओं को तार-तार कर रही है। विपक्ष के वरिष्ठ नेताओं के साथ जिस प्रकार दिल्ली पुलिस ने बलपूर्वक और अभद्र व्यवहार किया, वह लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। कांग्रेस ऐसे किसी भी दमन के सामने झुकने वाली नहीं है और लोकतंत्र एवं संविधान की रक्षा के लिए सड़क से सदन तक संघर्ष जारी रहेगा।
शहर कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष संदीप विश्वकर्मा ने कहा कि भाजपा सरकार विपक्ष की आवाज से भयभीत है। अपनी नाकामियों और जनविरोधी नीतियों के खिलाफ उठने वाली आवाज को दबाने के लिए पुलिस और अन्य सरकारी संस्थाओं का इस्तेमाल किया जा रहा है। राहुल गांधी जी, मल्लिकार्जुन खड़गे जी, प्रियंका गांधी जी और इंडिया गठबंधन के सांसदों के साथ किया गया व्यवहार लोकतंत्र का अपमान है। कांग्रेस कार्यकर्ता इस तानाशाही और मनमानी का लोकतांत्रिक तरीके से पुरजोर विरोध करेंगे।
एआईसीसी सदस्य रविकांत राय ने कहा कि आज देश में लोकतंत्र की रक्षा की जिम्मेदारी विपक्ष और आम जनता दोनों के कंधों पर है। भाजपा सरकार संवैधानिक संस्थाओं को अपने राजनीतिक हितों के लिए इस्तेमाल कर रही है और विपक्ष की आवाज को कुचलने का प्रयास कर रही है। कांग्रेस के शीर्ष नेताओं के साथ दिल्ली में हुई कार्रवाई इसी तानाशाही मानसिकता का प्रमाण है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस का संघर्ष किसी व्यक्ति विशेष के लिए नहीं, बल्कि संविधान, लोकतंत्र और जनता के अधिकारों की रक्षा के लिए है।
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में कांग्रेस पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे। सभी ने लोकतंत्र की रक्षा और केंद्र सरकार की कथित तानाशाही के खिलाफ संघर्ष जारी रखने का संकल्प लिया।
कार्यक्रम में प्रमुख रूप से बटुक नारायण मिश्र जनक कुश्वहा अजय कुमार श्रीवास्तव ज्ञान प्रकाश सिंह मुसाफिर बिन्द राघवेंद्र कुमार हामिद अली चंद्रिका सिंह राजीव सिंह अरबिंद मिश्रा सेंटू जैदी राजेश गुप्ता राम नगीना पांडे रईस अहमद सतीश उपाध्याय राजेश राय माधव कृष्ण धर्मेंद्र कुमार प्रकाश राय जफर सादिक सिद्दीकी सतीश श्रीवास्तवअयूब हीराराम संजय गुप्ता जेपी पाण्डे राघवेंद्र चौबे देवेंद्र कुमार सिंह आशुतोष सिन्हा पप्पू निषाद शंभू सिंह कुशवाहा संजय शमशाद आलम काजल कश्यप मुसाफिर बिंद अक्षय बिंद अखिलेश यादव आलोक यादव गोल्डन यादव चंद्रहास यादव शबीहूल हसन काजल कश्यप विनोद कुमार शक्ति आनंद यादव अमित कुमार राय पारस उपाध्यक्ष डॉ सुमेर कुशवाहा मिथलेश सिंह जलाल अब्बासी राजेश सिंह ओमप्रकाश पांडे विंध्याचल कुशवाहा राजेश उपाध्याय सदानंद गुप्ता ओम्प्रकास पाण्डे सबीबुल हसन गूडू कुमार अब्दुल्ला मास्टर इस्लाम मास्टर संजय शाहू गुलबाश यादव आदि लोगों उपस्थित रहे।








