
सट्टेबाजों के खिलाफ खबर दिखाने पर ‘इंडिया पब्लिक खबर’ के पत्रकार पर जानलेवा हमला। दफ्तर में घुसकर कुचलने की कोशिश और एक घंटे तक बंधक बनाकर रखा*। *

GRNews Network Brodcast center* editor in chief ved Parkash Srivastava
झांसी: उत्तर प्रदेश के झांसी जिले में इन दिनों अपराधियों और सट्टेबाजों के हौसले इतने बुलंद हैं कि वे अब लोकतंत्र के चौथे स्तंभ यानी मीडिया की आवाज को दबाने के लिए जानलेवा हमलों पर उतारू हो गए हैं। ताजा मामला ‘इंडिया पब्लिक खबर’ के कार्यालय से सामने आया है, जहां सट्टेबाजों के खिलाफ लगातार चल रही खबरों से तिलमिलाए कुछ दबंगों ने पत्रकार को उनके ही दफ्तर में बंधक बनने पर मजबूर कर दिया। न केवल अभद्रता की गई, बल्कि मोबाइल छीनने और चार पहिया वाहन से कुचलकर जान से मारने का भी प्रयास किया गया।
6 मई की रात, जब पूरा शहर अपनी रफ्तार में था, शिवपुरी-ग्वालियर हाईवे पर स्थित काल भैरव मंदिर के पास ‘इंडिया पब्लिक खबर’ के कार्यालय में एक खौफनाक मंजर देखने को मिला। रात करीब 8 से 9 बजे के बीच, रिपोर्टर अपना दैनिक कार्य निपटाकर घर जाने के लिए अपनी मोटरसाइकिल निकाल रहे थे। इसी दौरान कार्यालय की दीवार से सटकर एक अज्ञात व्यक्ति लघुशंका कर रहा था। पत्रकार द्वारा शालीनता से उसे थोड़ा दूर जाकर ऐसा करने को कहने पर वह व्यक्ति अचानक उग्र हो गया।
प्रत्यक्षदर्शियों और पीड़ित पत्रकार के अनुसार, वह व्यक्ति न केवल गाली-गलौज पर आमादा हो गया बल्कि उसने सत्ता और रसूख की धौंस दिखाना शुरू कर दिया। जब पत्रकार ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए साक्ष्य के तौर पर मोबाइल से वीडियो बनाना शुरू किया, तो हमलावर ने मोबाइल छीनने की कोशिश की। हद तो तब हो गई जब उसने अपनी चार पहिया गाड़ी से रिपोर्टर को कुचलने का प्रयास किया। अपनी जान बचाने के लिए रिपोर्टर को भागकर दफ्तर के भीतर शरण लेनी पड़ी।
आरोपी की दबंगई इस कदर थी कि वह करीब एक घंटे तक कार्यालय के बाहर खड़ा होकर पत्रकार को बाहर निकलने की धमकी देता रहा। इस दौरान रिपोर्टर मानसिक रूप से इतना भयभीत हो गया कि वह अपने ही दफ्तर में बंधक बनकर रह गया। उस रात रिपोर्टर को एक वैवाहिक कार्यक्रम में शामिल होना था, लेकिन बाहर खड़े हमलावर के खौफ और उसकी संदिग्ध गतिविधियों के कारण वह समय पर नहीं निकल सके। पत्रकार ने अपनी जान पर खेलकर हमलावर की कुछ वीडियो रिकॉर्डिंग भी की हैं, जो अब पुलिस के पास साक्ष्य के रूप में मौजूद हैं।
घटना की अगली सुबह, यानी 7 मई को, पीड़ित पत्रकार ने सीपरी बाजार थाना प्रभारी (SHO) से मुलाकात कर उन्हें पूरी घटना की जानकारी दी और वीडियो फुटेज सौंपे। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल जांच शुरू की। लहरगिर्द चौकी प्रभारी ने जब घटनास्थल का मुआयना किया और स्थानीय स्तर पर छानबीन की, तो चौंकाने वाले तथ्य सामने आए।
पता चला है कि आरोपी व्यक्ति प्रेमनगर थाना क्षेत्र के नगरा इलाके का निवासी है। सूत्रों के मुताबिक, आरोपी के पिता भोपाल में टीआई (थाना इंचार्ज) के पद पर तैनात हैं, जिसके कारण वह क्षेत्र में अपनी धाक जमाता है। खबर है कि घटना को अंजाम देने के बाद आरोपी गिरफ्तारी के डर से छतरपुर (मध्य प्रदेश) भाग गया है।
झांसी पुलिस और जिला प्रशासन पिछले कुछ समय से सट्टेबाजी के अवैध कारोबार पर कड़ी कार्रवाई कर रहा है। ‘इंडिया पब्लिक खबर’ ने इस सिंडिकेट के खिलाफ लगातार खबरें प्रकाशित की हैं, जिससे सट्टेबाजों के आर्थिक साम्राज्य को गहरी चोट पहुंची है। अंदेशा जताया जा रहा है कि यह हमला महज एक विवाद नहीं, बल्कि सट्टेबाजों की सोची-समझी साजिश का हिस्सा हो सकता है ताकि पत्रकारों को डराकर उनकी कलम को रोका जा सके।
सीपरी बाजार पुलिस ने आश्वासन दिया है कि अपराधी चाहे कितना भी रसूखदार क्यों न हो, उसे बख्शा नहीं जाएगा। फिलहाल पुलिस आरोपी की लोकेशन ट्रेस कर रही है और जल्द ही उसे गिरफ्तार करने का दावा कर रही है।








