
मूछ वाले हनुमान जी का भव्य श्रृंगार व भंडारे का किया गया आयोजन |*

GR news network एडिटर इन चीफ वेद प्रकाश श्रीवास्तव
वाराणसी:- हनुमान जन्मोत्सव के पावन पर्व के शुभ अवसर पर बुधवार को चौकाघाट स्थित मूछ वाले हनुमान जी का भव्य श्रृंगार व भंडारे का आयोजन किया गया भंडारे में हजारों की संख्या में भक्तों ने प्रसाद ग्रहण किया हनुमान जी के आशीर्वाद से भंडारे का संयोजन मनीष चौबे पुत्र पंडित सतीश चौबे ने किया | हनुमान जी का भव्य आरती और श्रृंगार महामंडलेश्वर स्वामी अवीमुक्तानंद गिरी जी साध्वी मुक्तेश्वरी गिरी (जूना अखाड़ा) ने किया |
मूछ वाले हनुमान जी के मंदिर का इतिहास अंग्रेज सरकार के समय से है एक बार अंग्रेज सरकार का अधिकारी हेलरी चौकाघाट में भ्रमण कर रहे थे चौकाघाट में रामलीला उस समय प्रारंभ हो गया था |
हेलरी ने अपने गाड़ी घोड़ा को रुकवा कर हनुमान जी के किरदार कर रहे सदानंद पांडे से कहा कि तुम्हारे सनातन धर्म में हनुमान जी ने समुद्र लाँघकर लंका को जलाया था क्या तुम्हारे सनातन धर्म में इतनी भक्ति है कि इस वरुणा नदी को आप उड़ के पार कर सकते हैं हजारों की संख्या में गांव समाज के लोग वहां रामलीला देख रहे थे |
पांडे जी ने गदा उठाया और जय श्री राम बोलकर पूरे वरुणा नदी को उड़ के पार किया साक्षात प्रभु का दर्शन पाया और वहीं पर उन्होंने अपने शरीर को त्याग दिया | सदानंद पांडे की बड़ी-बड़ी मूछे भी थी उनकी भक्ति और शक्ति को देखते हुए गांव समाज के लोगों ने हनुमान जी की मूर्ति की स्थापना की जिस पर मूंछ बनाया गया और सदानंद पांडे जी की इस सच्ची भक्ति को आज भी लोग श्रद्धांजलि देते रहते हैं जूना अखाड़ा व भक्तों द्वारा मंदिर को और भव्य रूप प्रदान किया जा रहा है |
आगे आने वाले समय में माँ जगदंबा,बाबा भोलेनाथ, राम दरबार जो ऊपर छत पर मंदिर है सब मंदिर एक परिसर में करके और भव्य रूप देने का भक्तों के मन में प्रेरणा है |
भंडारे में प्रमुख रूप से प्रसाद वितरण में देवेंद्र उपाध्याय,अभय दुबे,नीरज चौबे,सोमनाथ विश्वकर्मा, राजीव यादव,सुनील कश्यप,देवांश चौबे,रजनीश कनौजिया,शिव शंकर पटेल, विनीत चौबे,ध्रुव देवनारायण दुबे,पंकज यादव इत्यादि लोगों ने सहयोग किया ||








