♦इस खबर को आगे शेयर जरूर करें ♦

*पूर्वांचल एवं दक्षिणांचलविद्युत वितरण वितरण निगम के निजीकरण के प्रस्ताव के खिलाफ विद्युत मजदूर पंचायत उत्तर प्रदेश करेगा जबरदस्त विरोध प्रदर्शन*,

GR News network Varanasi एडिटर इन चीफ वेद प्रकाश श्रीवास्तव

वाराणसी। दिनांक 29नवम्बर, पूर्वान्चल विधुत वितरण निगम और दक्षिणांचल वितरण निगम के निजीकरण के प्रस्ताव के खिलाफ विद्युत मज़दूर पंचायत उ0प्र0 करेगा।जबरदस्त विरोध प्रदर्शन , इस पूरे विरोध प्रदर्शन की रूप रेखा तय करने हेतु विद्युत मज़दूर पंचायत की आपातकालीन बैठक भिखारीपुर स्थित हनुमान जी मंदिर पर दिनांक 30 नवम्बर को दोपहर 1बजे लंच समय मीटिंग बुलायी गयी है जिसमे सभी पदाधिकारियों की उपस्थिति में आंदोलन की रूप रेखा तय की जाएगी।

मीडिया प्रभारी अंकुर पांडेय ने बताया कि विद्युत मज़दूर पंचायत की कोर कमेटी की बैठक में यह पहले ही तय हो चुका है कि बिजली उद्धोग का निजीकरण कतई बर्दाश्त नही किया जाएगा क्योंकि तत्कालीन मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में वर्ष 2000 के समझौते में स्पष्ट लिखा है कि यदि पावर कारपोरेशन बनने के एक साल के अंदर 77 करोड़ का घाटा कम नही हुआ तो पुनः इसको राज्य विद्युत परिषद बना दिया जाएगा जबकि वर्तमान में घाटा 1लाख करोड़ बताया जा रहा है जिससे स्पष्ट है कि पावर कारपोरेशन बनाने का प्रयोग पूरी तरह विफल हो चुका है साथ ही नोयडा और आगरा के निजीकरण का प्रयोग भी पूरी तरह से फेल हो चुका है क्योंकि इन जगहों से ज्यादा बनारस, प्रयागराज, गोरखपुर आदि शहरों का हानिया कम होने के साथ ही राजस्व का कलेक्शन भी बेहतर है फिर भी ये निजीकरण का प्रस्ताव समझ से परे है जबकि सबको ज्ञात है कि निजी एजेंसियों के आने से महंगी बिजली का दंश आम जनता को झेलना पड़ेगा जबकि मुख्यमंत्री के कार्यकाल में पिछले 5 साल से बिजली का रेट नही बढा है और विद्युत आपूर्ति इन्ही मेहनतकश कर्मचारियों और अधिकारियों से बेहतर हुई है और आगे भी होगी, अग्रेतर यह भी अवगत कराना है कि वर्तमान सरकार के वित्त मंत्री सहित पूरे ऊर्जा प्रबन्धन द्वारा पूर्व में संघर्ष समिति के साथ लिखित समझौता हुआ था कि ऊर्जा विभाग का आगे निजीकरण नही किया जाएग उसके बाद भी इस तरह का प्रयोग समझ से परे है जिसको लेकर कर्मचारियों में काफी आक्रोश है और इस आक्रोश को बढ़ाकर ऊर्जा प्रबंधन इस विभाग की दुर्गति करने में लगा है। विधुत मज़दूर पंचायत उ0प्र0 की मुख्यमंत्री से सादर अपील है कि ऊर्जा प्रबन्धन के निजीकरण के प्रयास को और बढ़े सभी विभागों की तरह ऊर्जा विभाग भी पूरे प्रदेश की जनता की सेवा कर सके।

व्हाट्सप्प आइकान को दबा कर इस खबर को शेयर जरूर करें


स्वतंत्र और सच्ची पत्रकारिता के लिए ज़रूरी है कि वो कॉरपोरेट और राजनैतिक नियंत्रण से मुक्त हो। ऐसा तभी संभव है जब जनता आगे आए और सहयोग करे
Donate Now
               
हमारे  नए ऐप से अपने फोन पर पाएं रियल टाइम अलर्ट , और सभी खबरें डाउनलोड करें
डाउनलोड करें

जवाब जरूर दे 

आप अपने सहर के वर्तमान बिधायक के कार्यों से कितना संतुष्ट है ?

View Results

Loading ... Loading ...


Related Articles

Close
Close
Website Design By Bootalpha.com +91 84482 65129
[news_reels]