
*ई फार्मेसी के विरोध मे दवा विक्रेताओ ने हड़ताल*

*रिपोर्ट ब्यूरो चंद्र कुमार तिवारी GRNews Brodcast centre*
गाज़ीपुर । गाज़ीपुर केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट एसोसिएशन के आह्वान पर अवैध ई-फार्मेसी और सरकार की जनविरोधी नीतियों के खिलाफ पूरे जिले के दवा व्यापारियों ने अपनी एकजुटता दिखाई। इस आंदोलन को यूपीएमएसआरए (UPMSRA – उत्तर प्रदेश मेडिकल एंड सेल्स रिप्रेजेंटेटिव्स एसोसिएशन) और व्यापार मंडल गाजीपुर का पूर्ण समर्थन प्राप्त हुआ। इन दोनों संगठनों के पदाधिकारियों और सदस्यों ने न केवल इस बंद का समर्थन किया, बल्कि रैली मार्च में भी बढ़-चढ़कर भाग लिया और केमिस्टों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर आवाज बुलंद की।
इस ऐतिहासिक विरोध प्रदर्शन के समर्थन में आज गाजीपुर शहर सहित नंदगंज, सैदपुर, कासिमाबाद, मोहम्मदाबाद, दुल्लहपुर, जखनिया हँसराजपुर बाराचवर जमानिया शादियाबाद कठवामोड जंगीपुर भदौरा दिलदारनगर मरदह और जिले के तमाम ग्रामीण व इंटीरियर क्षेत्रों की भी सभी छोटी-बड़ी दवा दुकानें पूर्णतः बंद रहीं, जिससे पूरे जिले में दवा व्यवसाय पूरी तरह ठप रहा।
अपनी दुकानें बंद रखकर आक्रोश जताने के साथ ही, जिले के कोने-कोने से आए दवा व्यापारियों ने एक विशाल रैली मार्च निकाला। यह रैली महिला अस्पताल, लालदरवाजा से प्रारंभ होकर कचहरी स्थित जिलाधिकारी कार्यालय तक पहुंची।
रैली का नेतृत्व कर रहे एसोसिएशन के अध्यक्ष श्री नागमणि मिश्र ने जिलाधिकारी कार्यालय पर उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए कहा कि आज जिले की सभी दवा दुकानों का बंद रहना इस बात का प्रमाण है कि केमिस्टों में सरकार की गलत नीतियों के खिलाफ कितना आक्रोश है। अवैध ई-फार्मेसी न केवल हमारे पारंपरिक दवा व्यवसायियों के रोजगार को खत्म कर रही है, बल्कि बिना उचित पर्चे के दवाएं बेचकर जनता के स्वास्थ्य के साथ भी खिलवाड़ कर रही है। सरकार द्वारा लाए गए नियम GSR 817E और GSR 220E दवा व्यापार को बर्बाद करने वाले हैं, जिसे हम किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं करेंगे।
रैली के समापन पर एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने व्यापार मंडल और यूपीएमएसआरए के प्रतिनिधियों की मौजूदगी में जिलाधिकारी गाजीपुर को एक विस्तृत ज्ञापन सौंपा, जिसमें मुख्य रूप से निम्नलिखित मांगें की गईं । अवैध रूप से संचालित हो रही ई-फार्मेसी और ऑनलाइन दवाओं की बिक्री पर तुरंत पूर्ण प्रतिबंध लगाया जाए। दवा व्यवसाय को संकट में डालने वाले नियमों GSR 817E और GSR 220E को तुरंत वापस लिया जाए या केमिस्टों के हित में संशोधन किया जाए। ऑनलाइन माध्यमों से बिना कड़े मानकों के होने वाली दवाओं की होम डिलीवरी पर रोक लगाई जाए।
इस ऐतिहासिक बंद और विशाल रैली मार्च में गाजीपुर केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट एसोसिएशन के सभी पदाधिकारी, कार्यकारिणी सदस्य, व्यापार मंडल व यूपीएमएसआरए के नेता और काफी अधीक संख्या में क्षेत्रीय केमिस्ट शामिल हुए। एसोसिएशन ने स्पष्ट किया कि यदि उनकी जायज मांगों पर जल्द ही सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया, तो यह आंदोलन आगे चलकर और बड़ा रूप धारण करेगा।








