
*देशभर के रेलवे स्टेशनों से उठी कुलियों की पुकार हमारी आजीविका बचाइए: राष्ट्रीय कुली मोर्चा* *2008 की तरह समायोजन कर कुली परिवारों को जीवन का सहारा दें : राम सुरेश यादव

GRNews Network Broadcast center editor in chief Ved prakash Srivastava
वाराणसी।
देशभर के रेलवे स्टेशनों पर पीढ़ियों से यात्रियों की सेवा करते आ रहे कुलियों के सामने आज आजीविका का गंभीर संकट खड़ा हो गया है। इसी पीड़ा और चिंता को लेकर राष्ट्रीय कुली मोर्चा के संयोजक राम सुरेश यादव के नेतृत्व में आज पूरे भारतवर्ष के विभिन्न रेलवे स्टेशनों से एक भावनात्मक और व्यापक अभियान चलाया गया। इस अभियान के तहत देश के हजारों कुलियों ने सामूहिक रूप से भारत के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को पत्र भेजकर अपने परिवारों की आजीविका और भविष्य को बचाने की गुहार लगाई।
कुलियों ने अपने पत्र में कहा कि वर्षों से रेलवे स्टेशनों पर यात्रियों की सेवा करते हुए उन्होंने अनगिनत यात्राओं की यात्रा को आसान और सुरक्षित बनाया है। लेकिन आज वही कुली अपने परिवार के भरण-पोषण के लिए हर तरह का संघर्ष करने को मजबूर हैं। रेलवे के तेज़ी से हो रहे आधुनिकीकरण, ठेका व्यवस्था और नई तकनीकों के विस्तार के कारण उनकी पारंपरिक रोज़ी-रोटी पर गहरा संकट आ गया है।
कुलियों ने प्रधानमंत्री को यह भी याद दिलाया कि रेल मंत्रालय भारत सरकार द्वारा 19 जून 2025 को देशभर के कुलियों की वास्तविक स्थिति का सर्वे कराने का आदेश जारी किया गया था। उस समय कुली वर्ग को उम्मीद जगी थी कि वर्ष 2008 की तरह एक बार फिर उनके समायोजन और पुनर्वास की दिशा में ठोस कदम उठाए जाएंगे। लेकिन आज तक उस सर्वे की प्रगति और उस पर की गई कार्यवाही की कोई स्पष्ट जानकारी सामने नहीं आई है, जिससे कुली परिवारों में गहरी निराशा और चिंता व्याप्त है।
*इस संबंध में राष्ट्रीय कुली मोर्चा के संयोजक राम सुरेश यादव ने कहा कि कुली वर्ग कोई विशेष सुविधा नहीं चाहता, बल्कि केवल सम्मानजनक जीवन और सुरक्षित भविष्य की मांग कर रहा है।* उन्होंने कहा कि आज देशभर के लाखों कुली परिवार अपने अस्तित्व को बचाने की लड़ाई लड़ रहे हैं और उनकी आशा अब केवल प्रधानमंत्री के न्यायपूर्ण हस्तक्षेप पर टिकी हुई है।
मोर्चा ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से करबद्ध निवेदन किया है कि वे इस पूरे प्रकरण में हस्तक्षेप कर 19 जून 2025 को जारी सर्वे आदेश की प्रगति रिपोर्ट सार्वजनिक कराएं, संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही सुनिश्चित करें तथा देश के कुलियों के पुनर्वास, समायोजन और सामाजिक सुरक्षा के लिए ठोस नीति बनाएं।
राष्ट्रीय कुली मोर्चा ने यह भी मांग की है कि वर्ष 2008 के मॉडल की तरह देशभर के कुलियों को रेलवे में समायोजित कर उनकी आजीविका को स्थायी और सुरक्षित बनाया जाए।
मोर्चा को विश्वास है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संवेदनशील और न्यायप्रिय नेतृत्व में देश के मेहनतकश कुलियों की पीड़ा को समझा जाएगा और उनके जीवन में सम्मान और सुरक्षा की नई उम्मीद जगेगी।
वाराणसी से केदार यादव, संजीव कुमार, शिव प्रकाश, मनीष यादव, अरविन्द यादव,धीरेन्द्र यादव, मनोज, बीरेंद्र, बृजेश, इन्द्रजीत यादव, राजेश, ओमप्रकाश व देवलाश आदि लोगों ने इस अभियान में हिस्सा लिया।
भवदीय,
अरविन्द कुमार यादव
उत्तर प्रदेश कोर्डिनेटर
राष्ट्रीय कुली मोर्चा
9452073767

















