
डॉ. जितेंद्र प्रसाद की पहल रंग लाई: शक्करपुर रेलवे अंडरपास को मिली NOC, सात गाँवों को मिली बड़ी राहत* **जनआवाज़ की ऐतिहासिक जीत, अब सुरक्षित होगा हजारों ग्रामीणों का आवागमन*

GRNews* *Network &Brodcast center* editor in chief Ved prakash Srivastava
📍 गाज़ीपुर (मुहम्मदाबाद) |
गाज़ीपुर के मुहम्मदाबाद तहसील अंतर्गत शक्करपुर गाँव में वर्षों से लंबित रेलवे अंडरपास निर्माण को लेकर आज बड़ी प्रशासनिक सफलता मिली है। जिलाधिकारी द्वारा आधिकारिक अनापत्ति प्रमाण पत्र (NOC) जारी किए जाने के बाद अब निर्माण कार्य का मार्ग पूरी तरह प्रशस्त हो गया है।
यह निर्णय नोनहरा, पक्काइनार, मालीपुर, मुंडेरा, सादिकापुर, शक्करपुर और जलालपुर सहित सात गाँवों के हजारों ग्रामीणों के लिए बड़ी राहत लेकर आया है। लंबे समय तक ग्रामीण प्रतिदिन जान जोखिम में डालकर रेलवे ट्रैक पार करने को मजबूर थे।
शक्करपुर क्षेत्र के बीच से गुजर रही रेलवे लाइन ने दशकों से ग्रामीणों के आवागमन में खतरे पैदा किए थे। स्कूली बच्चे, महिलाएं, बुजुर्ग और किसान अक्सर ट्रैक पार करते समय जोखिम उठाते रहे। स्थानीय स्तर पर लंबे समय से अंडरपास निर्माण की मांग उठ रही थी, लेकिन प्रक्रिया लंबित थी।
डॉ. जितेंद्र प्रसाद (सहायक प्राध्यापक एवं सामाजिक पहलकर्ता) ने लगभग एक माह पहले अंडरपास निर्माण के लिए औपचारिक आवेदन प्रस्तुत किया। आवेदन में उन्होंने जनसुरक्षा, छात्रों की सुरक्षा और क्षेत्रीय विकास का विस्तृत उल्लेख किया।
आवेदन के बाद डॉ. जितेंद्र प्रसाद ने लगातार प्रशासनिक अधिकारियों से संवाद और फॉलोअप किया। इस निरंतर प्रयास के परिणामस्वरूप जिलाधिकारी द्वारा NOC जारी कर दी गई।
अंडरपास बनने के बाद नोनहरा, पक्काइनार, मालीपुर, मुंडेरा, सादिकापुर, शक्करपुर और जलालपुर के हजारों ग्रामीण सुरक्षित, सुगम और निर्बाध आवागमन का लाभ उठाएंगे। इससे दुर्घटनाओं की आशंका कम होगी और क्षेत्रीय आर्थिक-सामाजिक गतिविधियों को गति मिलेगी।
डॉ. जितेंद्र प्रसाद ने कहा:
“यह केवल एक अंडरपास नहीं, बल्कि जनसुरक्षा और क्षेत्रीय विकास की दिशा में ऐतिहासिक कदम है। हमारा उद्देश्य ग्रामीणों को सुरक्षित और सम्मानजनक आवागमन उपलब्ध कराना है।”
ग्रामीणों ने इसे “जनसंकल्प की जीत” बताया और प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त किया।
अब क्षेत्रवासियों की निगाहें निर्माण कार्य के शीघ्र प्रारंभ होने पर टिकी हैं।
















